सीएचसी में तोड़फोड़ कर प्रभारी चिकित्साधिकारी से की महिला ने अभद्रता, मुकदमा दर्ज

IndiaBelieveNews
Image Credit: IndiaBelieveNews

फतेहगंज पश्चिमी। सीएचसी में स्वास्थ्य कर्मचारियों की मीटिंग मे पूर्व आशा पति के साथ घुस गई। बाहर निकालने पर महिला और उसके पति ने प्रभारी चिकित्साधिकारी से अभद्रता कर मीटिंग कक्ष में तोड़फोड़ की। चिकित्साधिकारी की तहरीर पर पुलिस ने पति-पत्नी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। महिला ने चिकित्साधिकारी के खिलाफ थाने में तहरीर दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है। आपको बता दें कि सीएचसी में गुरुवार को चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संचित शर्मा स्वास्थ्य कर्मचारियों की मीटिंग कर रहे थे। तभी ब्लॉक फतेहगंज पश्चिमी के गांव दौली जवाहर लाल की पूर्व आशा वर्कर गीता देवी अपने पति सुरेश कुमार के साथ सीएचसी पहुंची। महिला बिना अनुमति मीटिंग में घुस गई। व्यवधान पड़ने पर चिकित्साधिकारी ने उन्हे बाहर जाने को कहा। महिला पति के साथ बाहर चली गई। लेकिन दोनों कुछ देर बाद दोबारा मीटिंग में घुस गई। जिस पर सीएचसी प्रभारी ने उन्हें फिर मीटिंग कक्ष से बाहर जाने को कहा। आरोप है दोनों बाहर नहीं गए। प्रभारी संचित शर्मा से अशलील गाली गलौज कर अभद्रता करने लगे। उन्होंने कमरे में रखी टेबिल और कुर्सियां तोड़ दी। बहार निकलने पर जान से मारने की धमकी देकर दोनों चले गए। चिकित्साधिकारी ने सरकारी कार्य में बाधा डालने, तोड़फोड़ करने का आरोप लगाकर पति पत्नी के खिलाफ थाने में तहरीर दी। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर दिया। आरोपी महिला ने चिकित्साधिकारी के खिलाफ थाने में तहरीर दी है। आरोपी आशा वर्कर गीता देवी ने बताया एक वर्ष पहले वह आशा वर्कर थी। उस समय उन्होंने सीएचसी प्रभारी व बीसीपीएम के द्वारा आशाओं को मिलने वाले काम के बदले पच्चीस सौ रुपये में से लिए जाने वाले सुविधा शुल्क की शिकायत अधिकारियों से की थी। जिससे चिढ़कर पहले तो उन्हें आशा के पद से हटा दिया। अब उसी का बदला लेने के लिए पुलिस मे फर्जी मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।।

I think all aspiring and professional writers out there will agree when I say that ‘We are never fully satisfied with our work. We always feel that we can do better and that our best piece is yet to be written’.
View all posts

Leave a Reply